BUREAUCRACY NEWS लेबलों वाले संदेश दिखाए जा रहे हैं. सभी संदेश दिखाएं
BUREAUCRACY NEWS लेबलों वाले संदेश दिखाए जा रहे हैं. सभी संदेश दिखाएं

मायावती सरकार में IAS रहे नेतराम के परिसरों पर आयकर विभाग ने हाल ही में छापेमारी कर 225 करोड़ रुपये बरामद किये

उत्तर प्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री और बीएसपी की सुप्रीमो मायावती के करीबी रहे पूर्व आईएएस नेतराम के ठिकानों पर इनकम टैक्स विभाग ने हाल ही में छापेमारी की थी। विभाग के सूत्रों की मानें तो आंकलन के बाद पूर्व आईएएस के पास 225 करोड़ रुपये की संपत्ति का पता चला है। सामने आया है कि नेतराम ने दस्तावेजों में सौ करोड़ रुपये की संपत्ति दर्शाई है, जबकि उनकी वास्तविक कीमत 225 करोड़ रुपये है। नेतराम के यह सपंत्ति अटैच की जा रही है।1979 बैच के पूर्व आईएएस अधिकारी और उनके सहयोगियों ने नोटबंदी के बाद और उससे पहले कोलकाता की मुखौटा कंपनियों के नाम पर 95 करोड़ रुपये की फर्जी प्रविष्टियां दिखाई है। विभाग के सूत्रों की मानें तो मुंबई, कोलकाता और दिल्ली में खरीदी गई इन संपत्तियों को अब अटैच किया जा रहा है। ये संपत्तियां बेनामी हैं। 

Madhya Pradesh IAS Transfer List : दो अपर मुख्य सचिव पांच प्रमुख सचिव और दो संभागीय आयुक्तों का स्थान तरण

प्राप्त जानकारी के अनुसार कल शाम तक या परसों सुबह तक दो अपर मुख्य सचिव पांच प्रमुख सचिव और दो संभागीय आयुक्तों के साथ 8 एच ओ डी और चार कलेक्टरों के स्थान तरण ओं को अंतिम रूप दिया जा चुका है यह सूची भी कल देर रात्रि या परसों सुबह जारी कर दी जाएगी मैं भी चौंकाने वाले नाम आने वाले हैं यह सब कुछ लोकसभा चुनाव के मद्देनजर किया जा रहा है दो एच ओ डी तो इतने ताकतवर हैं जिम के नामों पर  प्रशासन में कसावट आने के संकेत  आने लगेंगे यह जो ताकतवर काफी दिनों से अपनी कुर्सी बचाने में जद्दोजहद कर चुके हैं लेकिन हर तरफ से उन्हें निराशा नजर आ रही है इसी तरह से 2 दिन के भीतर आईपीएस की भी एक बड़ी सूची आने की संभावना है जिसमें कुछ पुलिस अधीक्षक ओं के नाम भी शामिल हैं इसमें कुछ आईजी कुछ डीआईजी भी शामिल हैं और कुछ एच ओ डी वी पुलिस विभाग के हैं !

IAS Officer का कमाल, 6 महीने में गायब कर दिया 13 लाख टन कूड़ा, कचरा घर बन गया ऐसा

इंदौर को 2018 में लगातार दूसरी बार सबसे स्वच्छ शहर का अवॉर्ड दिया गया. इंदौर के लोग स्वच्छता के मामले में सबसे आगे रहते हैं. लोग सफाई के लिए खून, पसीना एक कर रहे हैं. इसी बीच आईएएस ऑफिसर आशीष सिंह ने कुछ ऐसा किया, जिसके लिए उनकी खूब तारीफ हो रही है. उन्होंने 6 महीने के अंदर कूड़े घर को सिटी फॉरेस्ट बना दिया है. उन्होंने 6 महीने के अंदर 13 लाख टन कूड़ा गायब कर दिया है. 
https://twitter.com/AsheeshSg/status/1077060168431546368

IAS रूपला ने मध्य प्रदेश भू संपदा अपीलीय अधिकरण से दिया इस्तीफा



भोपाल। मध्य प्रदेश भू संपदा अपीलीय अधिकरण के रजिस्ट्रार पद से पूर्व आईएएस शिवनारायण रूपला ने इस्तीफा दे दिया है।

इंडिया वन समाचार के प्रशासनिक संवाददाता के अनुसार आईएएस शिवनारायण रूपला की नियुक्ति पूर्व शिवराज ​सरकार के कार्यकाल में हुई थी। रूपला ने अपने इस्तीफे में कहा है कि वह निजी कारणों से इस्तीफा दे रहे हैं।

2009 के UPSC टॉपर आईएएस शाह फ़ैसल ने दिया इस्तीफ़ा



जम्मू-कश्मीर से साल 2009 में सिविल सेवा परीक्षा टॉप करने वाले आईएएस अधिकारी शाह फ़ैसल ने कश्मीर में हिंसा के कारण हो रही हत्याओं के विरोध में अपने पद से इस्तीफ़ा देने का ऐलान किया है.

अपने ट्विटर अकाउंट के जरिए ये जानकारी साझा करते हुए उन्होंने लिखा, ''कश्मीर में बेरोक हत्याओं और केंद्र सरकार से किसी भी विश्वसनीय राजनीतिक पहल के अभाव में, मैंनेआईएएस पद से इस्तीफ़ा देने का फैसला किया है. कश्मीरियों की ज़िंदगी मायने रखती है.''

AAP में घमासान: केजरीवाल सरकार के राजीव वाले प्रस्ताव पर सच्चा कौन?


दिल्ली विधानसभा में शुक्रवार को पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी का भारत रत्न सम्मान वापस लिए जाने का प्रस्ताव पेश होने पर आम आदमी पार्टी (AAP) अंदर और बाहर, दोनों तरफ से घिर गई है। पार्टी और सरकार के भीतर प्रस्ताव को लेकर अलग-अलग तरह के दावे किए जा रहे हैं। एक तरफ बागी तेवर अपनाती दिख रहीं अलका लांबा का कहना है कि प्रस्ताव में राजीव गांधी से भारत सम्मान वापस लेने की बात पहले से छपी थी, जबकि विधानसभा स्पीकर राम निवास गोयल का कहना है कि मूल प्रस्ताव में राजीव गांधी का जिक्र नहीं था और विधायक जरनैल सिंह ने भावावेश में आकर हाथ से यह लिखा था। इस बीच विधानसभा की कार्यवाही के एक वायरल विडियो में गोयल राजीव गांधी विरोधी प्रस्ताव पास को स्वीकार करते दिख रहे हैं। ऐसे में सवाल उठ रहे हैं कि क्या राजीव गांधी पर केजरीवाल सरकार यू-टर्न ले रही है या फिर अलका लांबा का दावा ही खोखला है।

विजय भास्कर कर्नाटक के नए मुख्य सचिव



बेंगलूरु. राज्य सरकार ने वर्ष 1983 बैच के भारतीय प्रशासनिक सेवा के वरिष्ठ अधिकारी टी.एम. विजय भास्कर को नया मुख्य सचिव नियुक्त किया है। भास्कर ने शनिवार को सेवानिवृत हुई के.रत्नप्रभा से पदभार संभाल लिया। रत्नप्रभा को विधानसभा चुनाव के कारण तीन महीने का कार्य विस्तार मिला था।

पिछले सप्ताह मुख्यमंत्री एच डी कुमारस्वामी ने रत्नप्रभा को तीन महीने का दूसरा कार्य विस्तार देने के लिए केंद्र सरकार को पत्र लिखा था लेकिन केंंद्र सरकार को कोई सकारात्मक जवाब नहीं मिला।

आईएएस बी चंद्रकला ने यूपी कैडर में दी जॉइनिंग


लखनऊ : आईएएस बी चंद्रकला ने शुक्रवार को यूपी कैडर में जॉइनिंग दे दी है। बी चंद्रकला केंद्रीय प्रतिनियुक्ति पर तैनात थी। हाल ही में उन्हें केंद्रीय प्रतिनियुक्ति से मुक्त किया गया था। इससे पहले वह कई जिलों में डीएम रह चुकी हैं।

दो पूर्व आईएएस अधिकारियों की हुई कांग्रेस में एंट्री




मुंबई
महाराष्ट्र की दलित राजनीति में अच्छा खासा प्रभाव रखने वाले दो पूर्व आईएएस अधिकारियों ने कांग्रेसउत्तम खोब्रागडे आरपीआई का साथ छोड़कर कांग्रेस में शामिल हो गए। बता दें कि खोब्रागडे, केंद्रीय मंत्री रामदास अठावले की पार्टी आरपीआई में कार्यकारी अध्यक्ष थे।

जहां एक ओर खोब्रागडे कांग्रेस के साथ आए वहीं दूसरी ओर पूर्व अधिकारी किशोर गजभिए बीएसपी छोड़कर भी कांग्रेस के साथ जुड़ गए। दोनों दिल्ली में कांग्रेस के अध्यक्ष राहुल गांधी की मौजूदगी में पार्टी में शामिल हुए। का दामन थाम लिया। इसमें से एक तो केंद्रीय मंत्री रामदास अठावले की पार्टी आरपीआई के कार्यकारी अध्यक्ष भी रह चुके हैं।

महिला IAS सलोनी सडाना ने 2 घंटे तक की अस्पताल की सफाई



भिंड। मेहगांव SDM सलोनी सडाना अस्पताल में गंदगी देख भड़क गयी और इसके बाद SDM मैडम खुद ही अस्पताल में सफाई करना शुरु कर दी। करीब दो घंटे तक उन्होंने सफाई की। कलेक्टर ईलैया राजा T ने मेहगांव एसडीएम को ये निर्देश दिए थे कि मेहगांव अस्पताल को साफ-सुथरा रखा जाए। एसडीएम मैडम ने भी कलेक्टर के निर्देश का पालन करते हुए अस्पताल को साफ रखने का प्रयास किया लेकिन लाख प्रयासों के बावजूद अस्पताल के कर्मचारियों ने सफाई कार्य में कोई खास दिलचस्पी नहीं ली। जिससे परेशान होकर एससडीएम को खुद ही अस्पताल में दो घंटे तक सफाई करनी पड़ी।

दिल्ली से लखनऊ पहुंचते ही सीएम आदित्यनाथ से मिले IAS अवनीश अवस्थी

लखनऊ। केंद्र सरकार में सामाजिक अधिकारिता मंत्रालय में तैनात उत्तर प्रदेश कैडर के आईएएस अधिकारी अवनीश अवस्थी वहां से रिलीव होने के बाद लखनऊ रात लखनऊ पहुंचे। कल देर रात ही उन्होंने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के साथ उनके कार्यालय में मुलाकात की।


माना जा रहा है कि वरिष्ठ आईएएस अधिकारी अवनीश अवस्थी ही प्रमुख सचिव मुख्यमंत्री के पद पर तैनात होंगे। केंद्र सरकार ने उनको उत्तर प्रदेश के लिए रिलीव भी कर दिया है। कल शाम को ही वह केंद्रीय सेवा से कार्यमुक्त हो गए थे। अवस्थी मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव पद का दायित्व निभाएंगे।

अवस्थी देर रात 11.35 बजे सीएम ऑफिस शास्त्री भवन (एनेक्सी) पहुंचे। उस समय शास्त्री भवन के पंचम तल पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ विभागों की कार्य योजना का प्रस्तुतीकरण देख रहे थे। विभागों के बाद प्रस्तुतीकरण देखने के बाद रात तकरीबन 12.20 बजे मुख्यमंत्री शास्त्री भवन से जब अपने सरकारी आवास पांच कालिदास मार्ग के लिए निकले तब अवस्थी भी उनके साथ रहे।


गौरतलब है कि साल 1987 बैच के आईएएस अधिकारी अवनीश अवस्थी इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग से बीटेक हैं। अप्रैल 2013 में वह केंद्र प्रतिनियुक्ति पर गए थे। इसके पहले अवस्थी प्रदेश में कई महत्वपूर्ण पदों पर सेवाएं दे चुके हैं।

फेसबुक कमेंट पर कलेक्टरी गंवाने वाले गंगवार और चक्रवर्ती को क्लीनचिट

भोपाल। फेसबुक पर सरकार के खिलाफ कमेंट करके कलेक्टरी गंवाने वाले अजय गंगवार और सिबि चक्रवर्ती को आखिरकार क्लीनचिट मिल गई। सामान्य प्रशासन विभाग ने दोनों के खिलाफ जांच को बंद कर दिया है। वहीं, खुले में शौच मुक्ति अभियान पर सवाल उठाते हुए लेख लिखने वाली आईएएस अफसर दीपाली रस्तोगी को नोटिस देकर जवाब मांगा जाएगा। शुक्रवार को दिनभर विभाग के अधिकारियों इसकी तैयारी में लगे रहे। रस्तोगी से स्पष्टीकरण लिया जाएगा कि उन्होंने किस मंशा के साथ शासकीय कार्यक्रम की आलोचना में लेख लिखा।
सामान्य प्रशासन विभाग के अधिकारियों ने बताया कि बड़वानी के तत्कालीन कलेक्टर अजय गंगवार ने फेसबुक वॉल पर आधुनिक भारत के निर्माण में पंडित जवाहरलाल नेहरू की भूमिका और वर्तमान हालात पर कमेंट किया था। सरकार ने इसे गंभीरता से लेते हुए उन्हें कलेक्टर पद से हटाकर जवाब तलब किया था।

इसी तरह नरसिंहपुर कलेक्टर रहते हुए सिबि चक्रवर्ती ने तमिलनाडु में जयललिता की जीत पर उन्हें बधाई दी और विरोध होने पर उसे हटा लिया था। इस पर भी विभाग ने नोटिस जारी कर उनसे जवाब तलब किया था। दोनों के जवाबों का अध्ययन करने के बाद मामले को समाप्त करते हुए क्लीनचिट दे दी गई है।

वहीं, खुले में शौच से मुक्ति के लिए चलाए केंद्र और राज्य सरकार के अभियान को औपनिवेशिक मानसिकता से ग्रस्त बताने संबंधी लेख पर दीपाली रस्तोगी से जवाब तलब करने की तैयारी हो गई। सूत्रों का कहना है कि उच्च स्तर पर 1994 बैच की अधिकारी दीपाली रस्तोगी से सिविल सर्विस रूल्स के तहत नोटिस देने की तैयार चल रही है।

सरकारी योजना की आलोचना पर IAS दीपाली रस्तोगी को नोटिस

भोपाल। स्वच्छता अभियान पर सरकार की योजना की आलोचना करने वाली आईएएस अफसर दीपाली रस्तोगी को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। सरकार ने रस्तोगी से एक हफ्ते के भीतर जवाब भी मांगा है।



पिछले दिनों एक अंग्रेजी समाचार पत्र में दीपाली रस्तोगी ने ओडीएफ और स्वच्छता अभियान पर सवाल उठाए थे। इसके बाद उनका आर्टिकल सोशल मीडिया में भी काफी चर्चित रहा था। सरकार के खिलाफ आवाज उठाने पर कई लोगों ने दीपाली रस्तोगी का समर्थन किया था, वहीं कई पूर्व मुख्य सचिव ने अनुशासनहीनता बताया था।दीपाली रस्तोगी को नोटिस देने के लिए अधिकारियों ने कुछ दिन पहले ही तैयारी कर ली थी, लेकिन मुख्यमंत्री से इसके लिए अंतिम मंजूरी नहीं मिल पा रही थी। मंगलवार को मुख्यमंत्री ने रस्तोगी को कारण बताओ नोटिस जारी करने पर सहमति दी।

कहा जा रहा है कि पीएमओ ने भी रस्तोगी के आर्टिकल पर सरकार से जवाब मांगा है और इस मामले पर पंचायत एंव ग्रामीण विभाग के एसीएस राधेश्याम जुलानिया ने दो पेज का जवाब भी भेजा है। हालांकि मुख्य सचिव बीपी सिंह और राधेश्याम जुलानिया ने इससे इनकार किया है